एनएमडीसी सीएसआर की पहल: दंतेवाड़ा के 30 आदिवासी युवाओं को बेंगलुरु में मिलेगा तकनीकी प्रशिक्षण
एनएमडीसी सीएसआर की पहल: दंतेवाड़ा के 30 आदिवासी युवाओं को बेंगलुरु में मिलेगा तकनीकी प्रशिक्षण

किरंदुल l एनएमडीसी सीएसआर के सौजन्य से दंतेवाड़ा एवं बस्तर जिले के 30 आदिवासी युवाओं को रोजगारोन्मुखी तकनीकी शिक्षा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। एनटीटीएफ, बेंगलुरु के सहयोग से जिले के 30 आदिवासी युवाओं को ‘ कन्वेंशनल एवं सी एन सी मशीनिस्ट/ असिस्टेंट तकनीशियन इलेक्ट्रॉनिक असेंबली’ कोर्स 10 महीना पाठ्यक्रम के लिए बेंगलुरु भेजा गया। एनएमडीसी का उद्देश्य आदिवासी अंचल के युवाओं को गुणवत्तापूर्ण तकनीकी शिक्षा, आधुनिक औद्योगिक कौशल एवं उज्ज्वल रोजगार के अवसरों से जोड़ना है। इस पहल के तहत युवाओं को आत्मनिर्भर, कुशल एवं भविष्य की औद्योगिक आवश्यकताओं के अनुरूप सक्षम बनाया जाएगा। कार्यक्रम में परियोजना प्रमुख रविन्द्र नारायण (अधिशासी निदेशक ), श्रीमती के एल नागवेनी, उप - महाप्रबंधक (मानव संसाधन) , एम तिरुपति राव, उप महाप्रबंधक (मानव संसाधन), तनवीर जावेद उप महाप्रबंधक ( मानव संसाधन), मुख्य महाप्रबंधक उत्पादन जे. सी. दास , महाप्रबंधक अनुबंध वी .मधुसूदना, वर्क्स से श्री झड़पे महा प्रबंधक ( सिविल ) , उप महाप्रबंधक (सिविल ) एल प्रधान, विजिलेंस विभाग से अशोक कुमार ठाकुर, सीएसआर विभाग के वरिष्ठ प्रबंधक विवेक कुमार रक्षा, प्रबंधक (सिविल) सी एस आर सुखराम गावड़े , यूनियन पदाधिकारी ए के सिंह, विनोद कश्यपजी, देव रायलू ,रोशन मिश्रा , एसोशिएशन से बी एल तारम सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। एनएमडीसी अधिकारियों ने बताया कि यह पहल न केवल युवाओं के कौशल विकास का माध्यम है, बल्कि दंतेवाड़ा जिले के आदिवासी युवाओं को आत्मनिर्भरता, सम्मानजनक रोजगार और उज्ज्वल भविष्य की ओर अग्रसर करने वाली एनएमडीसी की सामाजिक प्रतिबद्धता का सशक्त उदाहरण भी है।



